ब्लॉग छत्तीसगढ़

Popular Posts

31 August, 2010

रौशनी में आदिम जिन्दगी : भाग 4 (कहानी : संजीव तिवारी)

रौशनी में आदिम जिन्दगी : भाग 1 रौशनी में आदिम जिन्दगी : भाग 2 रौशनी में आदिम जिन्दगी : भाग 3 इसके बाद लगभग हर दो तीन दिनों के अंतराल में...

रौशनी में आदिम जिन्दगी : भाग 3 (कहानी : संजीव तिवारी)

रौशनी में आदिम जिन्दगी : भाग 1 रौशनी में आदिम जिन्दगी : भाग 2 अपनी जिन्दगी की अधिकाश राते वह अपनी झोपडी में अकेले ही गुजारती थी, छोटे से ...

रौशनी में आदिम जिन्दगी भाग 2 (कहानी : संजीव तिवारी)

रौशनी में आदिम जिन्दगी  भाग 1 (कहानी :  संजीव तिवारी)  माडो इसी टोले में पैदा हुई थी पली बढी, बरसों पहले उसके दादा पास के गांव में रहते थे...

27 August, 2010

रौशनी में आदिम जिन्दगी : भाग 1 (कहानी : संजीव तिवारी)

धमाके की आवाज के साथ ही पुलिस डग्गे के परखच्चे उड गए। चीं sssss … ! की आवाज से पीछे चली आ रही चार जीपें सड़क के दायें बायें घिसटती हुई रूक ...

23 August, 2010

नत्था का स्वप्नलोक और मायानगरी : अरुण काठोटे

छत्तीसगढ़ के लोक कलाकार ओंकारदास मानिकपुरी ने इन दिनों राष्ट्रीय स्तर पर तहलका मचा दिया है। आमिर खान की हालिया रीलीज फिल्म पीपली लाइव में नत...

22 August, 2010

तोर बिन सजनी नींदे नई आवय, कईसे गुजारंव रात .....

पीपली लाईव क हीरो ओंकार दास उर्फ नत्‍था,  फिल्‍म के प्रमोशन के बाद भिलाई वापस आने पर अपनी पत्‍नी से फिल्‍मी स्‍टाईल में मिलते हुए. निवेदन ...

21 August, 2010

ओंकार ..... नत्‍था ..... पीपली लाईव .... और एड्स से मौत

पिछले पंद्रह दिनों से मीडिया में चिल्‍ल पों चालू आहे, ओंकार .... नत्‍था ....... पीपली लाईव ....... आमीर खान ....... अनुष्‍का रिजवी। यहां छत्...

17 August, 2010

सत्य को उद्घाटित करने वाली निडर पत्रकार आशा शुक्‍ला को वसुंधरा सम्मान

लगभग बीस वर्ष से भी पहले नवभारत रायपुर में तेज तर्रार महिला पत्रकार सुश्री आशा शुक्‍ला को रिपोर्टिंग करते देखकर और उनके रिपोर्टिंग को पढ़कर ...

15 August, 2010

आज़ादी ... आज़ादी ... आज़ादी

आज़ादी क्या तीन थके रंगों का नाम है? जिसे एक पहिया ढोता है? या इसका कोई और मतलब होता है? सुदामा पांडे 'धूमिल' स्‍वतंत्रता दिवस की...

14 August, 2010

'पीपली लाइव' में भिलाई का रियल हीरो

सचमुच वह रियल लाइफ का हीरो है जो कल से बड़े परदे पर भी नजर आ रहा है। "नत्था" यानी ओंकारदास मानिकपुरी की जमीनी हकीकत पीपली लाइव से ...

10 August, 2010

एक थी नारायणी - कहानी संग्रह : जीवन के यथार्थ की कहानियॉं

’एक थी नारायणी कथा संग्रह की तमाम कहानियॉं भारतीय सभ्यता एवं संस्कृति के बोध विचारों से इस प्रकार आधारित हैं कि इन्हें पढ़ता हुआ पाठक लयबद्...

लेह .... अब यादें ही शेष है

लेह बाजार के स्‍वागत द्वार में मित्र ऋषि तिवारी खारदुंगला रोड में थम से गए झरने पर मेरे मित्र हजारों किलोमीटर दूर, दुनिया के सबसे उंचे मोट...

04 August, 2010

ब्‍लॉग से दूर रहने में कोई आनंद नहीं है प्‍यारे

मित्रों,  पिछले सप्‍ताह कुछ दिनों के लिए ब्‍लॉग सक्रियता से अवकाश लेकर हम अपने काशी काबा  में धूनी रमाये बैठे रहे। इस धूनी यज्ञ में हम इस कद...